27 जुलाई 2014 - 19:12
मूसेल में तकफ़ीरी आतंकवादियों के विरुद्ध जनता का धरना।

इराक़ के शहर मूसेल की जनता ने तिल्लुत तौबा नामक स्थान पर धरना देकर दाइश के तकफ़ीरी कार्यवाहियों की निंदा की है। ग़ौरतलब है कि दाइश के तकफ़ीरियों ने हज़रत यूनुस अलैहिस्सलाम का मक़बरा ध्वस्त कर दिया है। यह मकबरा तिल्लुत तौबा नामक स्थान पर था।

अबनाः इराक़ के शहर मूसेल की जनता ने तिल्लुत तौबा नामक स्थान पर धरना देकर दाइश के तकफ़ीरी कार्यवाहियों की निंदा की है। ग़ौरतलब है कि दाइश के तकफ़ीरियों ने हज़रत यूनुस अलैहिस्सलाम का मक़बरा ध्वस्त कर दिया है। यह मकबरा तिल्लुत तौबा नामक स्थान पर था।
ग़ौरतलब है कि इस्राईल व वहाबियों के समर्थित तकफ़ीरी आतंकवादियों ने गुरुवार के दिन मूसेल के हज़रत शीस अलैहिस्सलाम और हज़रत जरजीस अलैहिस्सलाम के मज़ार भी ध्वस्त कर दिए हैं।
सूचना है कि यह यहूदी एजेंट मूसेल में मिनार-ए-हदबा और जामा मस्जिद को भी ध्वस्त करने का इरादा रखते हैं। उल्लेखनीय है दाइश के तकफ़ीरियों ने सीरिया में कई पवित्र स्थानों को ध्वस्त किया है। इतिहास हमें बताता है कि वहाबियत ने एक सौ साल पहले मदीने और मुक्के और हेजाज़ के दूसरे शहरों में इसी तरह की कार्यवाहियां की थीं। मूसेल के लोगों ने मोमबत्ती जला करके तिल्लुत तौबा पर धरना दिया और दाइश के तकफ़ीरी काक्यवाहियों की निंदा की।